Antervasna - Hindi Sex Stories | नई हिन्दी सेक्स कहानियाँ

रोज नई नई गर्मागर्म सेक्सी कहानियाँ Only On Antervasna.Org

बीवी की चूत चुदवाई गैर मर्द से-12

Biwi Ki Chut Chudwai Gair Mard Se- Part 12

अब तक आपने मेरी पिछली कहानी मे  बीवी की चूत चुदवाई गैर मर्द से-11 पढ़ा..

मेरी बीवी अपने चोदू यार डॉक्टर सचिन से ब्रा-पेंटी पहनने के वास्ते मुझको कमरे से बाहर जाने की कह रही थी।
अब आगे..

नेहा बोली- उतारो जी.. फ्रॉक और पहनाओ.. जल्दी से सोने चलें।
डॉक्टर साहब बोले- सोने के लिए चेंज करने की क्या जरूरत थी।
नेहा बोली- तुम इतने सीधे हो न.. कि मेरी चूत लिए बिना सो जाओगे।

वो दोनों हँसते हुए बिस्तर पर आ गए, मैं भी कमरे में आ गया।

मेरी नंगी बीवी अपने यार के साथ

डॉक्टर साहब नेहा की नंगी पिंडलियां सहला रहे थे, धीरे-धीरे उनका हाथ उसकी नंगी जांघों को सहलाने लगे।
डॉक्टर साहब बोले- बहुत चिकनी हो गईं.. तेल लगाने वाली आई थी न?
नेहा बोली- हाँ आई थी जी.. तुम कहो और मैं न मानूँ!

डॉक्टर सचिन हँस कर बोले- ये लौडू तुम्हारे नंगे शरीर पर हाथ रगड़े.. मुझको नहीं पसंद है।
नेहा आँख दबाते हुए बोली- समझ गई हुज़ूर!
डॉक्टर साहब ने नेहा की जांघों पर किस करना चालू कर दिया।

नेहा बोली- बस चालू हो गए।
वो बोले- क्यों बीवी जब इतनी हॉट ड्रेस में हो.. तो पति तो अपने आप चालू हो जाएगा न..!
वो मेरी बीवी की गोरी टांगों पर हाथ फेरते जा रहे थे।

नेहा बोली- तुमको मालूम है नाइन पूछ रही थी कि मैडम आपके शरीर में सब जगह इतने सारे लाल-लाल दाग कैसे पड़ गए.. तो मैंने कहा कि कीड़े ने काट लिया होगा। इस पर वो बोली कि मैडम कीड़ा तो बहुत बड़ा वाला लगता है। मैंने पूछा कि तुझे कैसे लगता है तो बोली कि अरे मैडम मैं बहुत सारी जगह तेल मालिश करने का काम करती हूँ। ऐसे निशान तो नई-नवेली दुल्हनों के होते हैं। आपके साहब अभी भी रात में बहुत ज्यादा प्यार करते है इसी वजह से वो सब जगह निशान डाल देते हैं। समझे डियर डॉक्टर साहब अब जरा तुम कम चूसा करो।

डॉक्टर सचिन बोले- तुम दिन ब दिन इतनी सेक्सी हॉट और चिकनी होती जा रही हो.. पूरी मक्खन जैसी.. तो तुम्हें चूसे बिना कैसे छोड़ दूँ।
नेहा हँस पड़ी।

फिर डॉक्टर सचिन ने मुझसे बोला- जा जैक, जैम की बोतल ले आ!
नेहा बोली- अब जैम का क्या करना है?
डॉक्टर सचिन बोले- मैडम, मालूम चल जाएगा।
मैंने जैम की शीशी ला कर दे दी।

तब तक नेहा ने डॉक्टर सचिन को ऊपर खींच कर स्मूच करना चालू कर दिया था। दोनों एक-दूसरे के होंठ चूसते जा रहे थे। डॉक्टर सचिन ने नेहा के बेबी डॉल में हाथ डाल कर उसकी चूचियां सहलानी चालू कर दीं और उसके निप्पल निचोड़ने लगे।
नेहा तड़फ कर बोली- यार, दर्द हो रहा है।
फिर नेहा ने भी डॉक्टर साहब की निक्कर में हाथ डाल कर डॉक्टर सचिन का लंड सहलाना शुरू कर दिया।

थोड़ी देर वो एक-दूसरे के होंठ चूसते रहे, डॉक्टर साहब नेहा की चूचियां मसलते रहे और नेहा उनका लंड सहलाती रही।

डॉक्टर सचिन ने नेहा के गले पर किस करना चालू कर दिया। पहले दाईं तरफ चूमा, फिर बाईं तरफ चूमा।
नेहा ने हल्की सिसकारियां लेनी चालू कर दी थीं- आह.. ओह.. सचिन.. उम्म्ह… अहह… हय… याह… आह..

डॉक्टर साहब ने नेहा के कान में जीभ मारनी शुरू की.. नेहा गर्म होने लगी, उसने डॉक्टर सचिन का लंड सहलाना चालू रखा।

सचिन ने भी नेहा के बेबी डॉल से उसकी गोरी-गोरी चूचियां बाहर निकाल कर निप्पलों को चूसना और काटना चालू कर दिया, नेहा मादक और कामुक सिसकारियां लेने लगी और दूसरे हाथ से अपनी दूसरी चूची मसलने लगी।

डॉक्टर सचिन ने मेरी तरफ देख कर बोले- जैम की बोतल कहाँ है?
मैंने बोतल आगे कर दी।
डॉक्टर साहब बोले- अबे पूरा लंड है क्या?

नेहा बोली- अरे इसको लंड बोल कर लंड की बेइज्जती क्यों कर रहे हो.. लंड तो चूत की प्यास बुझाने के काम आता है। इसको तो चूत का ढक्कन बोला करो।
वो हँस कर बोले- हाँ बे.. चूत के ढक्कन, बोतल का ढक्कन खोल कर दे!

मैंने ढक्कन खोला तो उन्होंने उंगली से जैम निकाल कर नेहा की दोनों चूचियों पर लगा दिया।

अब डॉक्टर सचिन ने नेहा की जिन गोरी-गोरी चूचियों पर जैम मला था, उन पर वो जीभ मारने लगे और चूसने लगे। उसकी चूचियों को डॉक्टर साहब पकड़ कर निप्पल चूसने लगे और काटने लगे।
नेहा ‘सी.. सी.. आहह.. अह्ह्ह..’ करती जा रही थी।

नेहा ने मुझको बुलाया- ओ ढक्कन.. इधर आ और इनका शॉर्ट्स उतार दे।
मैंने अनसुना कर दिया।

वो फिर बोली- इस साले को सुनाई नहीं देता.. उठ कर आ जल्दी.. भोसड़ी के।

डॉक्टर सचिन ने नेहा की चूचियां चूसना छोड़ कर उसकी बेबी डॉल को ऊपर कर के उसके पेट पर किस करने लगे।
फिर नीचे उसकी पेंटी के ऊपर किस करने लगे और चूत के साइड पर जीभ मारने लगे।
नेहा मस्त होकर ‘आह.. आह..’ करने लगी और उठ कर बैठ गई।

अब नेहा गर्न हो चुकी थी, चूची चुसाई के बाद वो मुझ पर भड़क गई और मुझसे बोली- साले भोसड़ी के.. ढक्कन.. मादरचोद.. तुझको सुनाई नहीं पड़ा, जल्दी आ और इनकी निक्कर और फ्रेंची उतार.. नहीं तो अभी उठ कर बताती हूँ।
मैंने डॉक्टर सचिन के पैर से निक्कर और फ्रेंची उतारी।

नेहा डॉक्टर साहब की बड़ी-बड़ी गोलियों पर जीभ मारने लगी, अब डॉक्टर सचिन ‘आहह.. आहह..’ निकालने लगे।
नेहा धीरे-धीरे अब लंड के नीचे से ऊपर जीभ मारने लगी और ऊपर की तरफ लंड के ऊपर भी जीभ मारने लगी।
डॉक्टर सचिन का बुरा हाल होने लगा और उनके मुँह से ‘आह.. आह..’ निकलती ही जा रही थीं।

नेहा ने अब डॉक्टर साहब के लंड के टोपे पर जीभ मारना शुरू कर दिया। इस सब से डॉक्टर सचिन काफी गर्म हो चुके थे, वो बोले- जैसा तुम लंड चूसती हो न मेरी जान.. इस तरह से लंड चुसाई करने में तो सनी लियोनी को भी फेल है।

नेहा डॉक्टर साहब के ऊपर जा कर उनके पेट पर किस करने लगी और उनकी टी-शर्ट और बनियान उतारने की कोशिश करने लगी।
फिर नेहा मेरी तरफ देख कर बोली- बैठ के वहाँ गांड मरा रहा है क्या.. इधर आ और इनकी टी-शर्ट और बनियान उतार जल्दी से भोसड़ी के।
मेरे मुँह से निकल गया- क्या ये ठीक है.. कि मैं बस कपड़े उतारने के लिए रह गया हूँ?

नेहा बोली- भोसड़ी के.. जबान मत चलाया कर और तू किसी लायक है भी चूतिए.. चल जल्दी आ अब मादरचोद बड़बड़ करता रहता है।

मैं उन दोनों के पास गया, डॉक्टर सचिन ने अपने हाथ ऊपर कर दिए, मैंने उनकी टी-शर्ट और बनियान उतार दी, अब वो बिल्कुल नंगे हो चुके थे।

नेहा मुझसे बोली- सुन ढक्कन.. सब कपड़े बिस्तर से बटोर के.. साइड पर रख दे।
डॉक्टर सचिन बोले- वाह जानू.. मेरे सारे कपड़े उतरवा दिए।
नेहा बोली- क्यों पतिदेव.. इस ढक्कन से नहीं उतरवाती तो तुम अपनी बीवी की कैसे लेते?
‘हम्म..’

नेहा बोली- मैंने अपना काम कर लिया.. तुम अपना काम करो।
वो बोले- अभी लो मेरी जान।
फिर डॉक्टर साहब ने नेहा का बेबी डॉल उतार के मेरी तरफ उछाल दिया और बोले- इधर आ मुंडू.. ये हमारी बेगम का बेबी डॉल है उधर रख दे। इतना बोल कर डॉक्टर साहब नेहा से लिपट गए।

अब नेहा सिर्फ ब्रा-पेंटी में थी और बहुत सेक्सी लग रही थी, डॉक्टर साहब ने उसके शरीर पर किस करना चालू कर दिया, पहले नेहा टाँगों पर चूमा.. फिर जांघ पर किस करने लगे और चूसने लगे।
वो बोली- अरे यार निशान बन जाएगा।
डॉक्टर साहब बोले- जानेमन निशान ही तो डालने है आज..

उन्होंने नेहा की चूत की साइड में जीभ मारने लगे और उसकी पेंटी नीचे कर दी। अब वो नेहा की संगमरमरी चूत में जीभ मारने लगे। फिर उसकी चूत में जीभ अन्दर गहराई तक डाल कर नेहा की चूत के ऊपर के क्लाइटोरिस को चूसने लगे, नेहा सिसकारियां भरने लगी- अह्ह्ह.. अह्ह्ह्ह.. आहह!

अब नेहा ने अपनी टाँगें बिल्कुल फैला दीं, डॉक्टर सचिन की जीभ चूत में और अन्दर जाने लगी। उन्होंने नेहा की गांड के नीचे तकिया लगा दिया.. जिससे उसकी चूत ऊपर को उठ गई।
डॉक्टर साहब नेहा की चूत को चूसना चालू रखा।
नेहा एकदम से उठ गई और घूम कर 69 में लेट गई और उसने सचिन के लंड को मुँह में लेकर चूसना चालू कर दिया।

दोनों एक-दूसरे को 69 की पोजीशन में होकर लंड और चूत चूस रहे थे, यह नजारा देख कर मैं अपने निक्कर में दो बार झड़ गया था।

डॉक्टर सचिन ने अब नेहा के बिल्कुल बगल में आकर उसकी ब्रा उतार दी, दोनों बिल्कुल नंगे हो चुके थे, नेहा की ब्रा-पेंटी बेड पर पड़ी थी। डॉक्टर सचिन ने नेहा के निप्पल चूसना चालू कर दिए और अपनी उंगली से उसकी चूत में डाल के बहुत जोर से उंगली को हिलाने लगे।

नेहा जोर-जोर से ‘आह.. आह..’ करने लगी, वो चुदासे स्वर में बोली- आह्ह.. डालो सचिन.. प्लीज लंड डाल दो मेरी चूत बिल्कुल गीली होती जा रही है।

मेरी बीवी की चूत में उसके यार का लंड

डॉक्टर सचिन ने नेहा के ऊपर जा कर उसकी टाँगें हमेशा की तरह पूरी फैला कर लंड का एक जोरदार झटका मार दिया। इस बमपिलाट धक्के से डॉक्टर साहब का आधे से ज्यादा मोटा लंबा लंड नेहा की चूत में घुस गया।

नेहा हमेशा की तरह जोर से चीखी- मार डाला.. ले के पेल देते हो.. आह्ह.. अपना इतना मोटा लंड.. आह.. मार दिया.. आह आहह..

डॉक्टर साहब ने और जोरदार एक झटका मारा। अब उनका मोटा लंबा लंड पूरा का पूरा मेरी बीवी की चूत में जड़ तक घुसता चला गया।
नेहा भी मदमस्त आवाज में ‘आहह आह्ह्ह्ह..’ करने लगी।

डॉक्टर सचिन नेहा की चूचियां बुरी तरह मसल रहे थे, उसकी चूचियां मसलने के कारण लाल हो चुकी थीं।
कमरे में हर बार की तरह ‘फट.. फट..’ की आवाज आने लगी थीं।
नेहा बोली- टाँगें चिपका दो प्लीज.. जान इतनी टाँगें फैला-फैला कर लेते हो.. कि कमर बेकार हो जाती है। तुम्हारे टाँगें फैला-फैला के चोदने से गांड तो फैलती ही जा रही है।

डॉक्टर सचिन ने नेहा की दोनों टाँगें क्रॉस करके पकड़ लीं।
नेहा बोली- आह्ह.. रोज तुमको नई स्टाइल में चोदना होता है।
डॉक्टर सचिन ने नेहा को क्रॉस लेग करके पेलना चालू रखा।

थोड़ी देर ऐसे ही पेलने के बाद डॉक्टर सचिन लेट गए और नेहा को अपने ऊपर खींच लिया। नेहा ने भी सचिन के लंड को अपने हाथ से पकड़ कर अपनी चूत के अन्दर धकेल दिया और डॉक्टर सचिन नेहा को उछालना चालू कर दिया। ‘फच.. फच..’ की मधुर आवाज आने लगी।

सामने बिस्तर पर मेरी बीवी नेहा डॉक्टर साहब से चुद रही थी और इधर मैं अपना लंड सहला ही रहा रहा था।

दोस्तो.. मैं आपके मेल के इन्तजार में हूँ।
lustfulfantasiess@yahoo.com
कहानी जारी है।

Antervasna - Hindi Sex Stories | नई हिन्दी सेक्स कहानियाँ © 2018